Jana Mana

जहाँ मन, वहाँ माया

जहाँ मन, वहाँ माया


पहले सुख ,फिर दुःख -वहाँ माया


पहले दुःख ,फिर सुख-वहाँ  सुख


जैसा शरीर,वैसा मन


जैसा मन,वैसा व्यव्हार


मन के साक्षी बनो